रामपुर बुशहर। रामपुर उपमंडल के दत्तनगर क्षेत्र में तेंदुए के फिर से देखे जाने से स्थानीय लोगों में दहशत का माहौल है। दिनदहाड़े गांव के पास तेंदुए की मौजूदगी से ग्रामीणों में खौफ फैल गया।
पिछले कल देर शाम तक लोग अपने घरों में दुबककर बैठे रहे और रातभर जागते रहे। क्षेत्र में बच्चों और बुजुर्गों की सुरक्षा को लेकर लोग खासे चिंतित हैं।
स्थानीय लोगों के अनुसार, तेंदुआ गांव के पास खेतों के किनारे कई देर तक मंडराता रहा। इस दौरान कुछ लोगों ने उसे सड़क किनारे भी देखा, जिसके बाद खबर फैलते ही आसपास के इलाकों में अफरा-तफरी मच गई।
ग्रामीणों का कहना है कि तेंदुए की बढ़ती सक्रियता से लोगों के साथ-साथ उनके पालतू पशु भी खतरे में हैं। इस वजह से देर शाम से लेकर पूरी रात गांव में सन्नाटा पसरा रहा।
वन विभाग की टीम को तेंदुए की गतिविधियों की सूचना मिलते ही तुरंत दत्तनगर भेजा गया। मौके पर पहुंची टीम ने लोगों को घरों से बाहर न निकलने की सलाह दी और जागरूकता अभियान चलाया।
डीएफओ रामपुर गुरु हर्ष अमरेन्द्र सिंह ने बताया कि विभाग लगातार क्षेत्र की निगरानी कर रहा है। उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि वे रात के समय अकेले बाहर न निकलें, बच्चों पर विशेष ध्यान दें और मवेशियों को सुरक्षित स्थानों पर बांधकर रखें।
डीएफओ ने बताया कि तेंदुए की हरकतों पर नजर रखने के लिए इलाके में कैमरा ट्रैप लगाए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि वन विभाग स्थानीय पंचायत प्रतिनिधियों के साथ मिलकर गश्त को और तेज कर रहा है, ताकि किसी भी अनहोनी से बचा जा सके।
गौरतलब है कि कुछ दिन पहले भी इसी क्षेत्र में दिनदहाड़े तेंदुआ देखा गया था। लगातार हो रही इन घटनाओं ने ग्रामीणों की चिंता बढ़ा दी है। लोगों का कहना है कि तेंदुए की बढ़ती आवाजाही से उनके बच्चों का स्कूल आना-जाना भी प्रभावित हो रहा है।
वन विभाग ने ग्रामीणों को जागरूक करते हुए कहा है कि वे रात में टॉर्च का उपयोग करें, झाड़ियों के पास अकेले न जाएं और तेंदुए की मौजूदगी की सूचना तुरंत विभाग को दें। फिलहाल, विभाग की टीम तेंदुए की लोकेशन का पता लगाने के लिए ड्रोन सर्विलांस का भी सहारा ले रही है।
दत्तनगर के लोग तेंदुए के खौफ में जी रहे हैं और वन विभाग की सक्रियता से उन्हें राहत की उम्मीद है। हालांकि, जब तक तेंदुआ पकड़ा नहीं जाता या क्षेत्र से नहीं हटता, तब तक दहशत का माहौल बना रहना तय है।
