नेरवा, नोविता सूद। उपमंडल चौपाल की ग्राम पंचायत चांजू चौपाल में बागवानी विभाग चौपाल द्वारा एक दिवसीय शिविर का आयोजन किया गया। बागवानी विकास अधिकारी चौपाल श्याम शर्मा ने बागवानों को सेब एवं अन्य फलों में मधुमखियों से प्रागण के द्वारा अधिक फसल लेने के टिप्स दिए।
उन्होंने कहा कि प्रागण के समय फलों के पौधों पर किसी भी प्रकार की कीटनाशक दवाओं का प्रयोग ना करें। कीटनाशक के प्रयोग से मधुमखियाँ मर सकती हैं, जिसके कारण प्रागण प्रक्रिया के प्रभावित होने के कारण फसल भी प्रभावित होती है।
इस अवसर पर उन्होंने बागवानों को खाद डालने एवं स्प्रे सारिणी-2023 की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने कहा कि विभाग द्वारा इस वर्ष के लिए अलग से स्प्रे सारिणी तैयार की गई है जिसकी जानकारी बागवान उनके विभाग से ले सकते हैं।
बागवान गुलाबी कली पर बोरोन 200 ग्राम, फफूंदनाशक/ मंकोजेब 600 ग्राम या प्रोपिनेब 600 ग्राम, स्कोर-30 मिली लीटर को 200 लीटर पानी में मिला कर स्प्रे कर सकते हैं।
इसके आलावा स्कैब कोर रॉट आदि बीमारियों के लिए 100 ग्राम कीटनाशक अलानटो को 200 लीटर पानी में मिला कर स्प्रे करें।
ग्राम पंचायत चांजू के प्रधान शशि चौहान ने बागवानों को सलाह देते हुए कहा कि बागवानी उद्यान विभाग एवं बागवानी विश्व विद्यालय नौनी की वैज्ञानिकों की सलाह अनुसार ही अपने बागीचों में स्प्रे करें।
शिविर में एक सौ से अधिक बागवानों ने भाग लिया। महिला बागवानों ने भी काफी संख्या में अपनी उपस्थिति दर्ज करवाई।
