भोपाल। हिमाचल प्रदेश राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय (HPNLU), शिमला ने कुलपति प्रो (डॉ.) प्रीती सक्सेना के नेतृत्व में, राष्ट्रीय न्यायिक अकादमी, भोपाल में राष्ट्रीय विधि संस्थान विश्वविद्यालय (NLIU), भोपाल के साथ एक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए।
यह समझौता ज्ञापन इन दो प्रमुख विधि शिक्षा संस्थानों के बीच शैक्षणिक सहयोग, अनुसंधान साझेदारी और संस्थागत जुड़ाव को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
इस समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर करने का उद्देश्य दोनों विश्वविद्यालयों के बीच शिक्षण, प्रशिक्षण, अनुसंधान, प्रकाशन, तथा छात्र और संकाय विनिमय कार्यक्रमों सहित विभिन्न क्षेत्रों में शैक्षणिक और संस्थागत सहयोग को बढ़ावा देना है।
यह साझेदारी संयुक्त शैक्षणिक कार्यक्रमों, सेमिनारों, सम्मेलनों और अंतर्विषयक पहलों को भी सुगम बनाएगी, जिनका लक्ष्य विधि-विषयक ज्ञान और व्यावसायिक विकास को बढ़ाना है।
इस समझौते के तहत, दोनों संस्थान संयुक्त अनुसंधान परियोजनाओं, स्नातक, स्नातकोत्तर और डॉक्टरेट शोधार्थियों के आदान-प्रदान, तथा संकाय सदस्यों और शोधकर्ताओं के बीच शैक्षणिक संवाद को बढ़ावा देने की दिशा में कार्य करेंगे।
यह समझौता ज्ञापन Ph.D. शोधार्थियों को शैक्षणिक संसाधनों तक पहुँच बनाने, तथा अनुसंधान पर्यवेक्षण और संयुक्त शोध गतिविधियों में शामिल होने के अवसर भी प्रदान करता है।
यह साझेदारी विधि शिक्षा को आगे बढ़ाने, अनुसंधान में नवाचार को बढ़ावा देने, और संयुक्त शैक्षणिक जुड़ाव के माध्यम से संस्थागत उत्कृष्टता को पोषित करने के प्रति HPNLU, शिमला और NLIU, भोपाल की साझा प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
यह समझौता ज्ञापन प्रारंभ में पाँच वर्षों की अवधि के लिए वैध रहेगा और आपसी सहमति से इसे आगे बढ़ाया जा सकता है।
इस समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर HPNLU के उन निरंतर प्रयासों में एक और महत्वपूर्ण मील का पत्थर है, जिनके तहत वह देश के अग्रणी संस्थानों के साथ सार्थक शैक्षणिक साझेदारियाँ स्थापित करने और विधि शिक्षा तथा अनुसंधान के क्षेत्र में छात्रों, संकाय सदस्यों और शोधकर्ताओं के लिए व्यापक अवसर सृजित करने के लिए प्रयासरत है।
