शिमला। हिमाचल विधानसभा के 11वें सत्र की समाप्ति के बाद मीडिया प्रतिनिधियों को सम्बोधित करते हुए विधान सभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानिया ने कहा कि चौदहवीं विधान सभा का 11वां सत्र अपेक्षा अनुरूप सम्पन्न हुआ है।
यह सत्र दो चरणों में आयोजित किया गया जिसमें प्रथम चरण में 3 तथा द्वितीय चरण में 13 बैठकों का आयोजन किया गया। प्रथम चरण 16 से 18 फरवरी तथा द्वितीय चरण 18 मार्च से 2 अप्रैल तक आयोजित किया गया।
सत्र की शुरुआत 16 फरवरी को 2 बजे राज्यपाल के अभिभाषण के साथ हुआ। इस सत्र में कुल 16 बैठकों का आयोजन किया गया जिसकी कार्यवाही लगभग 90 घण्टे तक चली। इस तरह सत्र की उत्पादकता 103 प्रतिशत रही।
सत्र के पहले दिन पूर्व विधायक स्वर्गीय भगत राम चौहान के प्रति शोकोदगार प्रकट कर समूचे सदन द्वारा श्रद्वांजली अर्पित की गई। इस सत्र के दौरान कुल 617 (471 तारांकित तथा 146 अतारांकित) प्रश्नों की सूचनाओं पर सरकार द्वारा उत्तर उपलब्ध करवाए गए।
पठानिया ने कहा कि इस सत्र में नियम 61 के तहत 4, नियम 62 के तहत 2, नियम 67 के तहत 1, नियम 101 के तहत 1, नियम 130 के तहत 1, नियम 324 के तहत 1, शून्य काल के दौरान 94 विषयों पर चर्चा की गई।
इसके अतिरिक्त सरकार द्वारा नियम 102 के अन्तर्गत 16 फरवरी को सदन में राजस्व सहायता अनुदान से सम्बन्घित सरकारी संकल्प भी प्रस्तुत किया गया। सत्र में 31 मार्च को एक दिन गैर सरकारी सदस्य कार्य दिवस के लिए निर्धारित था।
उन्होंने कहा कि इसके अतिरिक्त 9 सरकारी विधेयकों को भी सभा में पुर:स्थापित एवं चर्चा उपरान्त इन्हें पारित किया गया। सदन में समितियों के 60 प्रतिवेदन उपस्थापित किए गए।
सत्र के दौरान प्रदेश के सरकारी तथा गैर सरकारी शिक्षण संस्थाओं के 649 बच्चों ने सदन की कार्यवाही को देखा है जो आज के युवा की लोकतान्त्रिक प्रणाली के प्रति श्रद्वा व उत्सुकता को दर्शाता है।
विधान सभा अध्यक्ष ने कहा कि सत्र के दौरान उनका भरसक प्रयास रहा कि सत्र की कार्यवाही सौहार्दपूर्ण वातावरण में चले।
इसके लिए उन्होंने सदन के नेता एवं मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू व नेता प्रतिपक्ष जय राम ठाकुर का धन्यवाद किया जिनकी वजह से वह इस सदन की कार्यवाही को सुचारू रूप ये संचालित कर पाए।
उन्होंने उप मुख्यमंत्री तथा संसदीय कार्य मंत्री का भी धन्यवाद किया जिन्होंने सदन में दोनों पक्षों के बीच बेहतर समन्वय बनाए रखा। उन्होंने सभापति तालिका के सदस्यों का जिन्होंने कार्यवाही के संचालन में बहुमूल्य सहयोग दिया तथा समस्त मंत्री मण्डल के सदस्यों का भी धन्यवाद किया।
