सुजानपुर। ब्लाक कांग्रेस सुजानपुर के अध्यक्ष कैप्टन ज्योति प्रकाश ने पूर्व मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल के बयान पर कहा है कि सुजानपुर भाजपा के लोग और इनके नेता अपनी सरकार में भी विपक्षी बनकर रह गए हैं।
नशे को लेकर भाजपा के नेता चिंता जता रहे हैं, जबकि सरकार भाजपा की ही है। अगर सुजानपुर में नशे का कारोबार चला है तो ऐसे लोगों को सलाखों के पीछे धकेलें, कांग्रेस पार्टी पूरा सहयोग करेगी।
उन्होंने कहा कि मैहलड़ू की पेयजल स्कीम के लिए विधायक प्राथमिकता में विधायक राजेंद्र राणा ने नाबार्ड के तहत 1.56 करोड़ रूपए स्वीकृत करवाए थे, जिससे बीड़, जोल, प्लाही व मैहलड़ू आदि गांवों की जनता लाभान्वित होनी है।
इस स्कीम के लिए 2 साल पहले धनराशि स्वीकृत हो चुकी है, लेकिन 2 बार के मुख्यमंत्री इसे अपनी उपलब्धि बताकर बचकाना हरकत कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि इस स्कीम के बारे में किसी को शक हो तो सूचना का अधिकार अधिनियम में सारी जानकारी लेकर तथ्यों का पता भी चल जाएगा और भाजपा के झूठ से पर्दा भी उठ जाएगा।
उन्होंने कहा कि भाजपा में अब कार्यकर्त्ताओं की जगह ठेकेदारों की कद्र हो रही है। ठेकेदार ही पार्टी चला रहे हैं और अपने नेताओं को भी झूठ की पाठशाला में घूमा रहे हैं। यह वो ठेकेदार मंडली है, जिसने ठेके लिए हैं, लेकिन अपनी ही सरकार में विकास कार्य लटका दिए हैं।
उन्होंने कहा कि भाजपा के लोग छटपटा गए हैं। मैहलड़ू गांव में भाजपा बूथ अध्यक्ष ने अपने ही परिजनों को पटके पहनाकर भाजपा में शामिल करवा दिया। ऐसे भी लोग भाजपा में शामिल किए, जोकि वर्षों से भाजपा से ही जुड़े हुए हैं।
उन्होंने कहा कि सुजानपुर की जनता जानना चाहती है कि वर्ष 2002 में सुजानपुर से बी.डी.ओ. कार्यालय बदलने की कोशिश किसने की थी।
वर्ष 2011 में तत्कालीन मुख्यमंत्री कौन था, जिसने सुजानपुर में एसडीएम कार्यालय खोलने की 10,000 से ज्यादा लोगों द्वारा हस्ताक्षर वाली फाइल सार्वजनिक मंच से फैंक दी थी।
उन्होंने कहा कि सुजानपुर भाजपा के लोग अपनी ही सरकार में बेगाने बनकर रह गए हैं तथा अपनी टीस विधायक राजेंद्र राणा के विकास कार्यों को अपनी उपलब्धि बताकर निकाल रहे हैं।
