पांगी में प्राकृतिक जौ की खरीद शुरू, 59 किसानों से 140 क्विंटल की खरीद

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शिमला। मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू के निर्देशों के अनुरूप राज्य सरकार ने चंबा जिला के पांगी उपमंडल में प्राकृतिक खेती से तैयार जौ की खरीद शुरू कर दी है।

प्रदेश सरकार के प्रवक्ता ने आज यहां बताया कि वर्तमान खरीफ सीजन में अब तक पांगी उपमंडल के 59 किसानों से 140 क्विंटल प्राकृतिक जौ 60 रुपये प्रति किलोग्राम के हिसाब से खरीदी गई है।

ग्राम पंचायत हुडान के 11 किसानों से 20 क्विंटल, सुराल के 24 किसानों से 78 क्विंटल, किलाड़ के 7 किसानों से 9 क्विंटल, साच के 7 किसानों से 10 क्विंटल और सेचू पंचायत के 10 किसानों से 23 क्विंटल जौ की खरीद की गई है।

उन्होंने कहा कि हिमाचल दिवस समारोह के अवसर पर चंबा जिला के पांगी को राज्य का पहला ‘प्राकृतिक खेती उपमंडल’ घोषित किया गया था।

प्रवक्ता ने कहा कि सरकार का उद्देश्य राज्य में प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देना है ताकि लोगों को रसायन-मुक्त अनाज और मसाले उपलब्ध हो सकें। सरकार प्राकृतिक फसलों को न्यूनतम समर्थन मूल्य देकर किसानों को प्रोत्साहित कर रही है।

इस पहल से किसान प्राकृतिक खेती अपनाने की ओर बढ़ रहे हैं, जिससे उनकी आमदनी में भी सुधार हो रहा है। उन्होंने कहा कि प्रदेश की 90 प्रतिशत आबादी ग्रामीण क्षेत्रों में रहती है और सरकार ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए नीतियां बना रही है।

उन्होंने कहा कि वर्तमान खरीफ सीजन में 1473 किसानों से 2371.71 क्विंटल मक्की खरीदने का अनुमान है, जिसके लिए पूरे प्रदेश में 28 संग्रह केन्द्र स्थापित किए जाएंगे।

कृषि विभाग किसानों से कच्ची हल्दी खरीद रहा है। इसके लिए 1629 किसानों से 2422.65 क्विंटल प्राकृतिक कच्ची हल्दी 12 संग्रह केन्द्रों के माध्यम से खरीदी जाएगी।

प्रवक्ता ने कहा कि सरकार प्राकृतिक गेहूं और जौ पर 60 रुपये प्रति किलोग्राम, मक्की पर 40 रुपये प्रति किलोग्राम और कच्ची हल्दी पर 90 रुपये प्रति किलोग्राम का समर्थन मूल्य प्रदान कर रही है।

यह कदम प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने और किसानों को उचित दाम सुनिश्चित करने में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।

उन्होंने कहा कि सरकार के इन प्रयासों का सकारात्मक प्रभाव सामने आया है। किसान प्राकृतिक खेती की ओर आकर्षित हो रहे हैं, जिससे आमदनी के साथ-साथ जीवन स्तर में भी सुधार हो रहा है।

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